गया: बिहार के गया जिले का पटवा टोली एक बार फिर से अपनी प्रतिभा का डंका बजा रहा है. आईआईटी जेईई एडवांस 2025 के परिणामों में इस छोटे से गांव के छात्र-छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया है. खास तौर पर निशुल्क शिक्षा प्रदान करने वाले एक संस्था के 28 छात्रों में से 8 ने इस कठिन परीक्षा में सफलता हासिल की है.
पटवा टोली के अभिनव आनंद ने एससी श्रेणी में 80वां रैंक हासिल कर गांव का नाम रोशन किया है. वहीं मंतराज ने पीडब्ल्यूडी श्रेणी में 81वां रैंक प्राप्त किया. अन्य सफल छात्रों में कशिश कुमारी (ओबीसी, 8910 रैंक), शशिकांत कुमार (8001 रैंक), यशराज (9786 रैंक), शुभम कुमार (8292 रैंक), केतन कुमार (12514 रैंक), और अहाना (4029 रैंक) शामिल हैं. इन छात्रों की उपलब्धियां पूरे गांव के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है.
पटवा टोली में निशुल्क कोचिंग प्रदान करने वाली विदेशी संस्था ने इस बार फिर अपनी भूमिका बखूबी निभाई है. संस्था के 28 छात्रों में से 8 ने आईआईटी जेईई एडवांस 2025 में सफलता प्राप्त की है. संस्था से जुड़े रंजीत कुमार ने बताया कि उनकी संस्था के प्रयासों और छात्रों की मेहनत से यह शानदार परिणाम प्राप्त हुआ है. इसके अलावा, पटवा टोली के अन्य छात्रों ने भी इस परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है.
“हमारे 8 छात्रों का चयन होना गर्व की बात है. संस्था का लक्ष्य गरीब बच्चों को उच्च शिक्षा के अवसर प्रदान करना है, और यह परिणाम उसी दिशा में एक कदम है.”
पटवा टोली के अधिकांश सफल छात्र गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों से आते हैं, जो सीमित संसाधनों के बावजूद अपनी मेहनत से इतिहास रच रहे हैं. इस बार के परिणामों ने फिर से गांव में खुशी का माहौल बनाया है और हर समुदाय इस उपलब्धि का जश्न मना रहा है.
गया के मानपुर क्षेत्र में स्थित पटवा टोली को “आईआईटियन नगरी” के रूप में जाना जाता है. पिछले तीन दशकों से इस गांव के सैकड़ों बच्चे इंजीनियर बनकर देश-विदेश में नाम कमा रहे हैं. गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के बेटे-बेटियां हर साल अपनी मेहनत और लगन से सफलता की नई कहानी लिख रहे हैं. इस बार भी आईआईटी जेईई एडवांस 2025 में दर्जनभर से अधिक छात्रों ने सफलता हासिल की है.
