उत्तर बिहार के यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी है। दरभंगा एयरपोर्ट से अब दक्षिण भारत के प्रमुख आईटी हब केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, बेंगलुरु के लिए सीधी विमान सेवा शुरू होने जा रही है। विमानन कंपनी अकासा एयर ने दरभंगा-बेंगलुरु रूट पर उड़ान संचालन का निर्णय लिया है। यह सेवा 6 अप्रैल 2026 से शुरू होगी और इसके लिए टिकट बुकिंग भी प्रारंभ कर दी गई है।
अब तक दरभंगा से बेंगलुरु के लिए कोई सीधी उड़ान उपलब्ध नहीं थी, जिससे उत्तर बिहार के हजारों लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता था। खासकर दरभंगा, मधुबनी, समस्तीपुर और सीतामढ़ी जिलों के वे युवा जो बेंगलुरु में आईटी, स्टार्टअप, शिक्षा और निजी क्षेत्रों में कार्यरत हैं, उन्हें यात्रा के लिए लंबा रास्ता तय करना पड़ता था। या तो उन्हें पटना जाकर फ्लाइट पकड़नी पड़ती थी या फिर हैदराबाद तक उड़ान लेकर वहां से सड़क या अन्य विमान सेवा से बेंगलुरु जाना पड़ता था।
नई सेवा शुरू होने के बाद अब यात्री महज ढाई से तीन घंटे में सीधे दरभंगा से बेंगलुरु पहुंच सकेंगे। ट्रेवल वेबसाइटों के अनुसार, बेंगलुरु से यह फ्लाइट सुबह 9:40 बजे उड़ान भरेगी और दोपहर 12:15 बजे दरभंगा पहुंचेगी। वहीं दरभंगा से दोपहर 12:50 बजे प्रस्थान कर यह विमान 3:30 बजे बेंगलुरु एयरपोर्ट पर लैंड करेगा। इस समय-सारिणी से यात्रियों को एक ही दिन में आना-जाना भी संभव हो सकेगा।
दरभंगा एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी में यह एक बड़ा विस्तार माना जा रहा है। वर्तमान में यहां से दिल्ली, मुंबई और कोलकाता के लिए सीधी उड़ानें संचालित हो रही हैं। दक्षिण भारत में अब तक केवल हैदराबाद के लिए ही डायरेक्ट फ्लाइट उपलब्ध थी। बेंगलुरु जुड़ने से दरभंगा एयरपोर्ट की पहुंच और मजबूत होगी तथा उत्तर बिहार के लोगों को राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर हवाई संपर्क मिलेगा।
बेंगलुरु देश का प्रमुख आईटी और स्टार्टअप केंद्र है, जहां बड़ी संख्या में उत्तर बिहार के छात्र और पेशेवर कार्यरत हैं। त्योहारों, पारिवारिक कार्यक्रमों और आपात स्थितियों में उन्हें घर पहुंचने के लिए अतिरिक्त समय और खर्च उठाना पड़ता था। अब सीधी उड़ान से उनकी यात्रा सुगम और किफायती होने की उम्मीद है।
दरभंगा एयरपोर्ट को भविष्य में अंतरराष्ट्रीय स्तर का हवाई अड्डा बनाने की दिशा में भी प्रयास जारी हैं। राज्य सरकार और केंद्र सरकार के स्तर पर रनवे विस्तार और आधुनिक सिविल एनक्लेव निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया गया है। जानकारी के अनुसार, लगभग 90 एकड़ जमीन के अधिग्रहण के लिए 245 करोड़ रुपये की राशि जारी की जा चुकी है। यदि यह योजना साकार होती है, तो दरभंगा एयरपोर्ट उत्तर बिहार के विकास का बड़ा केंद्र बन सकता है।
स्थानीय व्यापारियों और उद्योग जगत के लोगों का मानना है कि नई उड़ान सेवा से क्षेत्र में व्यापार, पर्यटन और निवेश को भी बढ़ावा मिलेगा। इससे न केवल रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बल्कि उत्तर बिहार की आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।
कुल मिलाकर, दरभंगा और बेंगलुरु के बीच सीधी विमान सेवा की शुरुआत उत्तर बिहार के यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। यह कदम क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करने के साथ-साथ विकास की नई संभावनाओं के द्वार भी खोलेगा।
