बिहार में इस साल अक्टूबर-नवंबर में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले सियासी सरगर्मियां बढ़ने लगी है. सभी राजनीतिक दल चुनावी तैयारियों में जुटे नजर आ रहे हैं. बिहार कांग्रेस भी चुनावी रणनीति बनाने में जुटी है. इसी बीच पटना में जगह-जगह कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार के पोस्टर लगे हैं, जिसमें कन्हैया को बिहार की उम्मीद बताया गया है.
दरअसल, एनएसयूआई के राष्ट्रीय महासचिव शशि कुमार उर्फ चुन्नू सिंह की तरफ से ये पोस्टर लगवाए गए हैं. हाल ही में कांग्रेस नेता अजीत शर्मा ने कहा था महागठबंधन के घटक दल सीएम चेहरा तय करेंगे. वहीं कन्हैया कुमार की बिहार में वापसी को लेकर कई तरफ की चर्चाएं शुरू हो गई है. जिससे चुनावी साल में महागठबंधन में हलचल होना तय है.
माना जा रहा है कि बिहार कांग्रेस अपनी सियासी जमीन तैयार करने में लगी है. पिछले दिनों कांग्रेस नेता राहुल गांधी भी बिहार का दौरा कर चुके हैं. बिहार कांग्रेस के प्रभारी को भी बदला गया है. नए प्रभारी कृष्णा अल्लावरु निरंतर बिहार का दौरा भी कर रहे हैं. दूसरी और महिला कांग्रेस की अध्यक्ष अलका लांबा भी बिहार के दौरे पर आ चुकी हैं. इसी बीच में पटना में कन्हैया कुमार के पोस्टर लगने से सियासी तापमान बढ़ गया है.
कांग्रेस आलकमान बिहार में विधानसभा चुनाव को लेकर कन्हैया कुमार को बड़ी जिम्मेदारी दे सकता है. चर्चाएं इस बात की भी होने लगी है कि बिहार में कांग्रेस अपने दम पर अपनी शर्तों पर चुनाव लड़ने की तैयारी में है. दिल्ली के कई बड़े नेताओं की टोली बिहार में कैंप करने वाली है. 12 मार्च को दिल्ली में बिहार कांग्रेस के नेताओं की मीटिंग बुलाई गई है. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी बिहार कांग्रेस के नेताओं से चुनावी तैयारियों और रणनीति की चर्चा कर सकते हैं.
विधानसभा चुनाव से पहले बिहार कांग्रेस एनडीए सरकार को घेरने की तैयारी में है. जिसको लेकर कांग्रेस के युवा छात्र नेता और कार्यकर्ता 16 मार्च से 14 अप्रैल तक बिहार को नौकरी दो यात्रा निकालेंगे. इसमें कांग्रेस की छात्र इकाई एनएसयूआई के प्रभारी कन्हैया कुमार भी शामिल होंगे. ये यात्रा पूर्वी चंपारण के गांधी आश्रम से शुरू होकर पटना तक आएगी.
