बिहार में भ्रष्टाचार को लेकर सरकार के तमाम दावो के बीच राजधानी पटना की एक खबर ने सच सामने ला दी है ..यानी नीतीश सरकार की पोल खोल दी है ..बिहार सरकार के तमाम संबंधित विभागों को बकायदा लीगल नोटिस भी भेजा गया है, बावजूद किसी ने इस मसले को गंभीरता से नहीं लिया …
सीनियर एडवोकेट मणिभूषण सेंगर ने तमाम संबंधित विभागों, जिलाधिकारी, और मुख्य सचिव को इस संदर्भ में न सिर्फ पत्र भेजा, बल्कि लीगल नोटिस भी दिया, बावजूद 15 दिन बीत जाने के बाद भी किसी तरह की कार्रवाई अभी तक नहीं हुई है और न ही कोई विभाग गंभीरता से लेते हुए दिख रहा है…
बिहार के जाने माने व पटना हाईकोर्ट के सीनियर एडवोकेट मणिभूषण सेंगर के मुताबिक, पटना के सबसे चर्चित व खास इलाकों में शुमार मैरिन ड्राइव के उत्तर भाग में गंगा नदी से छेड़छाड़ की गई है… वरिष्ठ वकील मणिभूषण सेंगर ने बताया कि मैरिन ड्राइव के उत्तरी भाग स्थित गंगा नदी के मुख्य धारा व बहाव को रोक दिया गया है, यानी अवरुद्ध कर दिया गया है… गंगा नदी के मुख्य धारा व बहाव को रोकने से कई तरहों की समस्या भविष्य में उत्पन्न हो सकती है…
मणिभूषण सेंगर ने इस मामले को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि जहां एक तरफ केंद्र और नीतीश सरकार गंगा नदी को शुद्ध व बचाकर रखने की बात करते हैं, तो वहीं दूसरी ओर सरकार के नाक के नीचे देश के बहुचर्चित कंपनी एल एंड टी ने अपनी कास्टिंग यार्ड बनाकर सरकार के दावों की हकीकत बयां कर दी है… आखिर ये दर्शाता है कि नीतीश सरकार के कथनी और करनी में क्या फर्क है, वहीं गंगा नदी के प्रति नीतीश सरकार कितनी गंभीर है…
वहीं इस मामले को लेकर सीनियर एडवोकेट मणिभूषण सेंगर ने राज्य सरकार के तमाम संबंधित अधिकारियों और विभागों को समुचित कार्रवाई करने हेतु पत्र भेजा है, साथ ही L & T कंपनी को भी लीगल नोटिस भेजा है…
मणिभूषण सेंगर ने बताया कि सरकार व प्रशासन की जानकारी में होने के बावजूद इस मामले पर अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है, ये साफ दर्शाता है कि संबंधित विभाग के अधिकारियों और इस कंपनी के अधिकारियों के बीच कैसी गठजोड़ है …
सीनियर एडवोकेट मणिभूषण सेंगर ने नीतीश सरकार से मांग करते हुए कहा कि इस कंपनी पर अविलंब समुचित कानूनी कार्रवाई करते हुए गंगा नदी को बचाने का प्रयास किया जाए ….

