पटना: बिहार की सम्राट चौधरी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। छुट्टी पर गए DGP विनय कुमार को बड़ी जिम्मेदारी देने की तैयारी कर ली गई है।
उन्हें बिहार का मुख्य सूचना आयुक्त बनाया जाएगा। इधर कुछ दिनों से DGP विनय कुमार के छुट्टी पर जाने के बाद कई सवाल उठ रहे थे। लेकिन सरकार ने ये फैसला लेकर सभी सवालों पर पूर्ण विराम लगा दिया है।
खबर है कि डीजीपी विनय कुमार को बिहार सरकार ने मुख्य सूचना आयुक्त बनाने के नाम पर मंजूरी दे दी है। इसके लिए एक बड़ी बैठक बुलाई गई थी।
इस खास बैठक में सीएम सम्राट चौधरी, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव और डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी भी मौजूद थे। इसी बैठक में सत्ता और विपक्ष के बीच राज्य में सूचना आयोग के खाली पड़े संवैधानिक पदों को भरने पर चर्चा हुई। इसी मीटिंग में सूचना के अधिकार को बिहार में और ज्यादा मजबूत करने पर भी गंभीरता से बात हुई।
वहीं वरिष्ठ प्रशासनिक अफसर अंजनी कुमार के लिए भी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। अंजनी कुमार को बिहार राज्य सूचना आयोग में सूचना आयुक्त के पद पर तैनाती दी गई है।
अंजनी कुमार पूर्व सीएम नीतीश कुमार के खास अफसरों में गिने जाते रहे हैं। नीतीश की सरकार के दौरान भी अंजनी कुमार को कई अहम जिम्मेदारियां अलग-अलग समय पर दी जा चुकी हैं।
बात अगर DGP विनय कुमार की करें तो वो 1990 के बैच के सीनियर IPS हैं। सितंबर 2026 में ही उनकी लंबी छुट्टी पर जाने की बात सामने आई थी।
इसके बाद प्रीता वर्मा को बिहार के डीजीपी पद की कमान सौंपी गई थी। हालांकि विनय कुमार का सेवा विस्तार दिसंबर 2026 तक किया गया था। अब उन्हें मुख्य सूचना आयुक्त बनाए जाने पर सरकार में सहमति बन गई है।
बिहार की सम्राट चौधरी सरकार के इस फैसले ने तय कर दिया है कि राज्य में सूचना के अधिकार को और सख्ती से लागू करने की दिशा में एक और कदम बढ़ा दिया गया है।
दो खास अफसरों को इसकी जिम्मेदारी देने की तैयारी कर सम्राट चौधरी सरकार ने इस बात को जाहिर कर दिया है। इसे बिहार सरकार का बड़ा कदम माना जा रहा है। हालांकि आधिकारिक अधिसूचना आने का इंतजार है।
